DC HOMEWORK PREVIEW
DC HOMEWORK LIVE 22 JUNE 2026
दिशानिर्देश: -
सभी प्रश्नों को ध्यानपूर्वक पढ़ें। यह एक अभ्यास सत्र है - अपने आंसर को रात 11:00 बजे तक अपनी कॉपी में लिखकर पीडीएफ फॉर्मेट में App पर सबमिट करें। सबमिशन के बाद सभी प्रश्नों के Answers का एनालिसिस किया जाएगा ।
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Bhartiya Nagrik Surksha Sahita 2023
अध्याय 27. विकृतचित्त अभियुक्त व्यक्तियों के बारे में उपबंध
धारा 367 से 378
अध्याय 27. विकृतचित्त अभियुक्त व्यक्तियों के बारे में उपबंध
धारा 367 से 378
प्रश्न 1: "जांच या विचारण के दौरान जब अभियुक्त के विकृतचित्त (Unsound mind) होने का तथ्य न्यायालय के समक्ष आता है, तो संहिता के अंतर्गत अपनाई जाने वाली प्रारंभिक विधिक प्रक्रिया और अपीलीय उपचार क्या हैं ? धारा 367 और 368 के आलोक में स्पष्ट कीजिए।"
प्रश्न 2: "मानसिक अस्वस्थता के आधार पर दी गई दोषमुक्ति (Acquittal) के विधिक प्रभावों तथा उसके पश्चात अभियुक्त की सुरक्षित अभिरक्षा (Safe custody) के संबंध में धारा 373 और 374 के विधिक उपबंधों की विवेचना कीजिए।
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